574 शिक्षक-शिक्षिका ई-शिक्षा कोष एप पर अनुपस्थित, 387 एचएम से मांगा स्पष्टीकरण
प्रतिनिधि, किशनगंज अब सरकारी स्कूल के शिक्षक-शिक्षिकाओं के लिए अनिवार्य रूप से ई-शिक्षा कोष पोर्टल पर रोज की हाजिरी दर्ज करना अनिवार्य है. शिक्षा विभाग के अपर मुख्य सचिव डॉ एस सिद्धार्थ ने अचूक रूप से इसी आधार पर वेतन का भुगतान का आदेश दिया है. बिहार के शिक्षा विभाग द्वारा विकसित ई-शिक्षा कोष एप पर शनिवार को जिले के 387 विद्यालयों के कुल 574 शिक्षक अनुपस्थित पाए गए हैं. जिसके बाद शिक्षा विभाग एक्शन में है. जिला शिक्षा पदाधिकारी नासिर हुसैन ने एप पर हाजिरी नहीं बनाने के मामले में 387 विद्यालय के प्रधानाध्यापकों से स्पष्टीकरण मांगा है कि ई शिक्षा कोष पर हाजिरी नहीं बनाने वाले शिक्षकों के संबंध में अपना मंतव्य सहित स्पष्टीकरण तीन दिनों के भीतर समर्पित करें कि इन शिक्षकों ने एप पर उपस्थिति दर्ज क्यों नहीं की है. सूत्रों की माने तो ऑफलाइन हाजिरी लगाकर शिक्षक विद्यालय छोड़कर गायब हो जा रहे हैं. बोल दिया जाता है कि मोबाइल का नेटवर्क काम नहीं कर रहा है. शिक्षक ऑनलाइन ई-शिक्षा कोष पर हाजिरी नहीं बना रहे हैं. सरकार ने सहूलियत दी तो उठाने लगे फायदे दरअसल, विद्यालय के शिक्षकों को ऑनलाइन और ऑफलाइन दोनों हाजिरी बनाना है. ऐसे में शिक्षक सरकार के इस आदेश का भरपूर दुरुपयोग कर रहे हैं. शिक्षा विभाग ने कुछ दिन पहले लेटर जारी किया था कि नेट से या किसी टेक्निकल प्रॉब्लम से अगर शिक्षक ऑनलाइन हाजिरी नहीं लगा पाते हैं तो शिक्षक ऑफलाइन भी हाजिरी लगा सकते हैं. जिससे उनकी सैलरी नहीं कटेगी.
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